(फाइल इमेज)
उल्हासनगर: दिनेश मीरचंदानी
महाराष्ट्र के Ulhasnagar के उल्हासनगर-5 स्थित जींस मार्केट में कथित हवाला कारोबार, चेक डिस्काउंटिंग और फर्जी बैंक खातों के जरिए बड़े आर्थिक खेल का मामला सामने आने की चर्चा तेज हो गई है। मार्केट के कुछ व्यापारियों और सूत्रों द्वारा लगाए जा रहे आरोपों के अनुसार, “हरगुन” नामक व्यक्ति लंबे समय से करोड़ों रुपये के संदिग्ध वित्तीय लेनदेन से जुड़ी गतिविधियों को संचालित कर रहा है, जिससे भारत सरकार के राजस्व को भारी नुकसान पहुंचने की आशंका जताई जा रही है।
सूत्रों के मुताबिक, आरोपी ने अपने कर्मचारियों, करीबी रिश्तेदारों और परिचितों के नाम पर कई कथित फर्जी करंट अकाउंट खुलवा रखे हैं। इन खातों के माध्यम से प्रतिदिन लाखों से लेकर करोड़ों रुपये तक का लेनदेन होने की बात सामने आ रही है। आरोप यह भी हैं कि कई ट्रांजैक्शन फर्जी बिलों और कागजी कंपनियों के आधार पर किए जा रहे हैं, ताकि वास्तविक कारोबारी गतिविधियों को छिपाया जा सके।
व्यापारिक सूत्रों का दावा है कि इस पूरे नेटवर्क का उपयोग चेक डिस्काउंटिंग, हवाला ट्रांजैक्शन और टैक्स चोरी जैसी गतिविधियों के लिए किया जा रहा है। बताया जा रहा है कि कुछ व्यापारियों ने इस मामले से जुड़े बैंक खातों, लेनदेन और दस्तावेजों की जानकारी जुटाना शुरू कर दिया है, जिसके आधार पर जल्द ही विभिन्न केंद्रीय और राज्य एजेंसियों में औपचारिक शिकायत दर्ज कराई जा सकती है।
जानकारी के अनुसार, इस मामले की शिकायत Enforcement Directorate, Income Tax Department, Central Bureau of Investigation और Economic Offences Wing समेत अन्य जांच एजेंसियों तक पहुंच सकती है। यदि शिकायत दर्ज होती है, तो बैंकिंग ट्रांजैक्शन, GST रिकॉर्ड, फर्जी बिलिंग और संदिग्ध खातों की गहन जांच की संभावना जताई जा रही है।
सूत्रों का यह भी कहना है कि जांच आगे बढ़ने पर जींस मार्केट से जुड़े कुछ अन्य व्यापारियों और सहयोगियों के नाम भी सामने आ सकते हैं। हालांकि, अब तक किसी एजेंसी द्वारा आधिकारिक पुष्टि नहीं की गई है और न ही आरोपों पर संबंधित व्यक्ति की ओर से कोई सार्वजनिक प्रतिक्रिया सामने आई है।
फिलहाल, उल्हासनगर के व्यापारिक क्षेत्र में इस कथित वित्तीय नेटवर्क को लेकर चर्चाओं का बाजार गर्म है और सभी की नजर संभावित जांच और प्रशासनिक कार्रवाई पर टिकी हुई है।